– नवनीत रावत बने प्रदेश सचिव तो वेद प्रकाश प्रतापगढ़ जिला संयोजक नियुक्त
– राष्ट्रीय उपाध्यक्ष शीबू खान व प्रदेश अध्यक्ष शहंशाह आब्दी ने बताए संगठन के उद्देश्य
प्रयागराज। राष्ट्रीय पत्रकार महासंघ की एक बैठक प्रयागराज स्थित सिविल लाइंस इलाके में संपन्न हुई जिसमें उत्तर प्रदेश इकाई के अध्यक्ष शहंशाह आब्दी ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की तो राष्ट्रीय उपाध्यक्ष शीबू खान ने बतौर विशेष आमंत्रित अतिथि के रूप में शिरकत की।कार्यक्रम का संचालन प्रयागराज जिलाध्यक्ष ज़ाबिर अली ने करते हुए कार्यक्रम की रूप रेखा व प्रस्तावना से शुरुआत करते हुए संगठन मजबूती पर बल देने की बात की। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रदेशाध्यक्ष आब्दी ने देश व प्रदेश के विभिन्न इलाकों में पत्रकार उत्पीड़न का ज़िक्र करते हुए पत्रकारों को एकजुट होने का आह्वान किया।
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Jansaamna
रायबरेली,पवन कुमार गुप्ता।एनटीपीसी ऊंचाहार में बालिका सशक्तिकरण अभियान के अंतर्गत सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मुख्य महाप्रबंधक अभय कुमार समैयार, प्रियदर्शिनी लेडीज क्लब की अध्यक्षा मनीषा समैयार व अन्य अतिथियों ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की। मानव संसाधन विभागाध्यक्ष वंदना चतुर्वेदी ने स्वागत भाषण दिया। ‘नन्हीं प्रतिभाओं, बुलंदी के पंख’ टैगलाइन को आत्मसात करते हुए बालिका सशक्तिकरण अभियान की प्रतिभागी बालिकाओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रम में चार चांद लगाएं। बच्चों ने कार्यक्रम में डांस, गीत व नाटक प्रस्तुति आदि के माध्यम से अपनी कलाओं का प्रदर्शन किया। इसी के साथ नन्हीं बालिकाओं ने पर्यावरण संरक्षण, जल बचाओ और प्लास्टिक के न्यूनतम प्रयोग आदि पर भी प्रस्तुति दी।इसके अलावा महिलाओं को निरंतर रूप से प्रेरित करने वाली भारतीय महिलाओं की जीवनी को बालिकाओं ने अत्यंत मनोरम रूप में प्रस्तुत किया, इन झांकियों में झांसी की रानी, किरण बेदी, अहिल्याबाई होलकर, कल्पना चावला व लता मंगेशकर आदि की झांकियां शामिल रहीं।
उपद्रवियों की अवैध इमारत गिराने के नाम पर झारी जा रही धूल
अवनीश सिंह,कानपुर। थाना बर्रा क्षेत्र में नशेबाजी का विरोध करने पर कलयुगी बेटे ने अपने सालों के साथ मिलकर अपने सगे भाई व पिता को लोहे की रॉड से पीटा, जिसमें पिता और भाई को गंभीर चोंटे आयी है। मामला गुजैनी थाना क्षेत्र का है जहां पिपौरी में रहने वाले हरिश्चंद्र तिवारी का के तीन लड़कों में बड़ा लड़का नीरज तिवारी अपने पिता के घर से अलग गुजैनी में अपने परिवार के साथ रहता है। हरिश्चंद्र तिवारी के दूसरे लड़के बीरू तिवारी ने अपने बड़े भाई जो उसके साले विमल तिवारी पुत्र घनश्याम तिवारी के साथ गुजैनी के चौराहे में शराब पीकर नशेबाजी कर रहा था,उसको समझाया और घर जाने को कहा,लेकिन नीरज तिवारी और साला विमल तिवारी मारपीट पर आमादा हो गए। बहस होने के बाद बीरू तिवारी नीरज तिवारी गुजैनी स्थित घर पर पहुंचा और उसने अपनी बात भाभी को बताई और वही पर अपने पिता को फोन करके बुला लिया। और पिता से भी शिकायत की इतने में नीरज तिवारी अपने साले विमल तिवारी के साथ अपने घर आ गया।
आज एक तस्वीर देखी जिसमें किसी संप्रदाय के साधु एक भी कपड़ा पहने बगैर बैठे हुए प्रवचन दे रहे है। तो समाज से मेरा सवाल है कि इस हरकत पर कोई बवाल नहीं होगा, इस पर कोई आवाज़ नहीं उठेगी क्या? इसको कौनसी मानसिकता मानी जाएगी? ये मर्द है और धर्म के ठेकेदार है तो सब जायज है?अब तो स्त्री विमर्श पर लिखना ही बेकार है क्यूँकि महिलाओं के प्रति समाज की मानसिकता जब तक नहीं बदलेगी तब तक स्त्रियों को सहेन करना पड़ेगा। हर रिवायत, हर बंदीश, हर दायरा सिर्फ़ महिलाओं के लिए ही क्यूँ? ज़रा से मार्डन कपड़े पहन लिए या हल्का सा कोई अंग दिख गया तो न जानें क्या-क्या सुना देते है लोग। फटी जिन्स से तो सिर्फ़ पैर ही दिखते just because लड़की है इसलिए हंगामा जायज़ है? माना कि महिलाएं मर्यादा की मिसाल है, लज्जा और शर्म इनके गहने है। इनके शरीर की रचना कमनीय है इसका मतलब उसे दहलीज़ के बाहर झाँकने तक की इजाज़त नहीं क्या?
बीते दिनों दो नेताओं के विवादित बयान से कानपुर में भड़का साम्प्रदायिक उन्माद बड़े दंगे का रूप ले सकता था, यदि पुलिस ने समय रहते उस पर नियन्त्रण न पा लिया होता| देश के भीतर तो स्थिति पर काबू पा लिया गया परन्तु विभिन्न मुस्लिम देशों की प्रतिक्रिया ने भारत को असहज करने में कोई कसर नहीं छोड़ी है| खाड़ी देशों में खुलेआम चल रही भारत विरोधी मुहीम थमने का नाम नहीं ले रही है| यहाँ तक कि यह मामला संयुक्त राष्ट्र तक जा पहुंचा है| ऐसे में सवाल उठता है कि इस परिस्थिति से आखिर निपटा कैसे जायेगा? क्या भाजपा द्वारा अपने दोनों प्रवक्ताओं के खिलाफ उठाया गया कदम नाकाफी है? क्या यह परिस्थिति अचानक उत्पन्न हुई है? क्या इसके पीछे सिर्फ भाजपा प्रवक्ताओं के बयान ही मूल कारण हैं? या फिर साम्प्रदायिक राजनीति से दो वर्गों के बीच बनती टकराव की पृष्ठभूमि का यह एक ट्रेलर है?
ग्राम चौपाल में विभिन्न कार्यक्रमों में हिस्सा लिया तथा लगाये गये स्टॉलों का किया निरीक्षण