Monday, December 10, 2018
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बैंकर्स ऋण देने के मामले अनावश्यक रूप से न रखें लंबित: डीएम

डीएम कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में जिला सलाहकार समिति की बैठक की समीक्षा करते हुए

कानपुर देहात, जन सामना ब्यूरो। कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में जिलाधिकारी राकेश कुमार सिंह ने जिला सलाहकार समिति की बैठक की समीक्षा करते हुए बैंकों के शाखा प्रबन्धकों को निर्देश दिये कि जनपद के किसानों को लक्ष्य के अनुसार शत प्रतिशत ऋण उपलब्ध कराये। उन्होंने कहा कि ऋण आवेदन पत्रों की सघन जांच पड़ताल करें और प्रपत्र सही होने पर लाभार्थी को ऋण देने के मामले अनावश्यक रूप से लंबित भी न रखें। उन्होंने किसान क्रेडिट कार्ड योजना, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन, स्पेशल कंपोनेंट प्लान, मुख्यमंत्री ग्रामोद्योग रोजगार योजना, प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम, भूतपूर्व सैनिकों हेतु सेम्फैक्स योजना, वसूली प्रमाण पत्रों की बैकवार स्थिति, प्रधानमंत्री मुद्रा योजना एवं स्टैंड अप इंडिया योजना आदि के बारे में विस्तार से चर्चा की तथा लक्ष्य को पूरा करने के भी निर्देश दिए। बैठक में सेन्ट्रल बैंक आफ इंडिया, केनरा बैंक, यूको बैंक, जिला सहकारी बैंक की विशेष तौर पर स्थिति ठीक न पाये जाने पर जिलाधिकारी ने सख्त निर्देश दिये कि अगले मीटिंग तक अपनी स्थिति ठीक कर ले अन्यथा कार्यवाही की जायेगी। जिलाधिकारी ने कहा कि जिस बैंक में ऋण हेतु आवेदन लंबित पडे है उन्हें बैंक शाखा के प्रभारी हर हाल में उन्हें निस्तारित करा दे। उन्होंने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के तहत जो योजना चल रही है जिसके तहत शौचालय बनने में लाभार्थी के खाते में पैसा पहुंचाने में लापरवाही न करें। उन्होंने कहा कि आईजीआरएस के तहत जो भी शिकायते आती है उनका निस्तारण समय से कर दे।
बैठक में जिलाधिकारी ने कहा कि पीएनबी, यूकों बैंक, सेंट्रल बैंक आफ इंडिया एवं बैंक आॅफ इंडिया का ऋण जमा अनुपात प्रतिशत कम पाये जाने पर उन्होंने निर्देश दिये कि बैंक द्वारा इस दिशा में ध्यान नही दिया जा रहा है तभी जनपद के ऋण जमा अनुपात में वृद्धि नही हो पा रही है। उन्होंने वार्षिक ऋण योजना के अन्तर्गत प्रगति की समीक्षा करते हुए बताया गया कि वार्षिक लक्ष्यों के सापेक्ष वर्ष 2018-19 में सितंबर 2018 तक जनपद की प्राथमिकता प्राप्त क्षेत्र में उपलब्धि लक्ष्य के 1410.54 करोड के सापेक्ष 489.27 करोड अर्थात 35 प्रतिशत रही इसमें कृषि क्षेत्र में उपलब्धि 1120.95 करोड के सापेक्ष 448.59करोड अर्थात 40 प्रतिशत है। इसी प्रकार एमएमई क्षेत्र में उपलब्धि 127.69 करोड के सापेक्ष 15.41 करोड अर्थात 12 प्रतिशत रही। इसी प्रकार किसान क्रेडिट कार्ड/फसली ऋण, एनआरएलएम, राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन, स्पेशल कम्पोनेन्ट योजना, मुख्यमंत्री ग्रामोद्योग रोजगार योजना, जिला उद्योग केन्द्र से प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम, जिला खादी ग्रामोद्योग से प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम, प्रधानमंत्री मुद्रा योजना एवं स्टैंड अप इंडिया योजना आदि योजनाओं के बारे में विस्तार से चार्चा की गयी। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी महेन्द्र कुमार राय ने कहा कि स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना के तहत द्वितीय ग्रेड के ऋण देने में तेजी लाई जाए। बैठक में अग्रणी जिला प्रबंधक ने बताया कि शीघ्र ही शासकीय लक्ष्यों की पूर्ति का प्रयास किया जाएगा। इस मौके पर सीडीओ महेन्द्र कुमार राय, पीडी शिव कुमार पाण्डेस, नावार्ड सुमन शुक्ला, जिला सूचना अधिकारी वीएन पाण्डेय, जिला अग्रणी जिला प्रबन्धक जीपी भारतीय, उपायुक्त उद्योग नेहा सिंह, उप निदेशक कृषि विनोद कुमार यादव आदि विभागों के अधिकारी व बैंक शाखा प्रबन्धक व जिला समन्वयक आदि उपस्थित रहे।