बिटकॉइन अगर ये शब्दसुनने के बाद आपके मन में आ रहा है के “शायद ये किसी देश की मुद्रा होगी और उस देश का नाम आपको नहीं पता ” अगर आप ऐसा ही सोचते है तो मैं आपको बताता चलु के आप नयी तकनिकी दुनियां से थोडा सा पीछे है ,दरसल बिटकॉइन किसी एक देश की मुद्रा का नाम नही है और ना ही इसका कोई आकार बल्कि ये एक नई और डिजिटल मुद्रा है। जो की अद्रश है जिसको ना तो हम अपनी जेब में रख सकते है और नाहीं छु सकते है दरसल इन दिनों इसका उपयोग सिर्फ कंप्यूटर नेटवर्किंग पर आधारित भुगतान हेतु किया जा रहा है। बिटकॉइन एक वर्चुअल यानी आभासी मुद्रा है आभासी मतलब कि अन्य मुद्रा की तरह इसका कोई भोतिक स्वरुप नहीं है यह एक डिजिटल करेंसी है | यह केवल इलेक्ट्रॉनिक स्टोर होती है अगर किसी के पास बिटकॉइन है तो वह आम मुद्रा की तरह ही सामान खरीद सकता है |
वर्तमान में संसार मे बिटकॉइन काफी लोकप्रिय हो रहा है इसका आविष्कार सातोशी नकामोतो नामक एक अभियंता ने 2008 में किया था और 2009 में ओपन सोर्स सॉफ्टवेयर के रूप में इसे जारी किया गया था परन्तु ये अभी तक ज्ञात नही हुआ है के सातोशी नकामोतो असलियत में कौन व्यक्ति है बिटकॉइन के प्रसिद होने तक कई लोगो ने सातोशी नकामोतो होने का दावा की है परतु अभी तक ये पुख्ता नही हुआ है के असल व्यक्ति कौन है?
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Jansaamna

मीरजापुर, जन सामना संवाददाता। राष्ट्रीय जन उद्योग व्यापार संगठन के तत्वावधान में एक सम्मेलन आयोजित किया गया। सम्मेलन में परिवहन मंत्री स्वतंत्र देव सिंह और अन्य व्यापारी नेताओं की मौजूदगी में विभिन्न क्षेत्रों में पहचान रखने वाले गणमान्य लोगों में पत्रकार शशि गुप्ता के अतिरिक्त अन्य का भी सम्मान हुआ। शहर के तमाम पत्रकारों ने शशि गुप्ता को सम्मनित किए जाने पर बधाई दी।
मीरजापुर, सच्चिदानन्द सिंह। विन्ध्याचल अपर पुलिस महानिदेशक विश्वजीत महापात्रा ने माँ विन्ध्यवासिनी का आशीर्वाद प्राप्तकर दर्शनार्थियों के सुरक्षा का बीड़ा उठाया। शनिवार की दोपहर लगभग पौने बारह बजे माँ विन्ध्यवासिनी मन्दिर पहुँचे एडीजी महोदय ने सर्वप्रथम माँ विन्ध्यवासिनी का विधिवत चरण पूजन किया। दर्शन के उपरांत उन्होंने मन्दिर व दर्शनार्थियों की सुरक्षा के उद्देश्य से बारीकी निरीक्षण व जानकारी पुलिस अधीक्षक से ली। दर्शन के पश्चात मन्दिर स्थित प्रशासनिक भवन में पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने बताया कि मन्दिर व दर्शनार्थियों की सुरक्षा पहली प्राथमिकता होगी। नवरात्र के दौरान तीनों मन्दिरों विन्ध्याचल, कालीखोह व अष्टभुजा की निगरानी के लिए लिए पर्याप्त पुलिसबल के अलावा खुफिया तंत्र, पीएसी इत्यादि की अतिरिक्त तैनाती की जाएगी। गंगा घाटों पर स्नानार्थियों की काफी भीड़ होती है जिसके मद्देनजर जलपुलिस व गोताखोरों की भी व्यवस्था की गई है। यातायात की भी उत्तम व्यवस्था उपलब्ध रहेगी जिससे उमसभरी मौसम में दर्शनार्थियों को जाम जैसी स्थिति का सामना न करना पड़े। मन्दिर व गंगा घाटों पर स्थाई सुरक्षा के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने बताया कि इस संदर्भ में रिपोर्ट भेजी जा चुकी है और निकट भविष्य में यह सुविधाएं मुहैया हो जाएगी। उन्होंने आतंकी अथवा नक्सली हमले की संभावना से भी इंकार किया। मन्दिर पर पण्डा समाज के अध्यक्ष ने अंगवस्त्र व माल्यार्पण कर उनका सम्मान किया तथा दर्शनपूजन कराने का कार्य राज मिश्रा ने किया।
जीएसटी की तकनीकी समस्याओं से निपटने वालों को नहीं मिल रही तनख्वाह