Thursday, September 10, 2026
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होटल नुमा आश्रम पर नगर निगम के टैक्स का विरोध

मथुराः जन सामना ब्यूरो । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मथुरा आगमन से पहले दौरे की तैयारियों की समीक्षा के लिए आये मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को संत महंतों ने मुख्यमंत्री से शिकायत की थी कि मठ, आश्रमों और मंदिरों पर नगर निगम की ओर से अत्यधिक टैक्स लगाया गया है, इस टैक्स को अदा करने में वह असमर्थ हैं। इसके बाद नगर निगम हरकत में आ गया है। अब इस टैक्स की समीक्षा की जाएगी।
नगर निगम मथुरा वृन्दावन द्वारा वर्तमान में कर अधिरोपण कर नोटिस निर्गत करने की कार्यवाही की जा रही है। इसी क्रम में वृन्दावन के प्रमुख संतों, महंतों द्वारा आश्रमों पर अत्याधिक कर लगाये जाने के सम्बन्ध में अपनी आपत्ति नगर आयुक्त के समक्ष प्रस्तुत की गई। इसी को दृष्टिगत रखते हुए गुरुवार को वृन्दावन के प्रमुख संतों के साथ नगर आयुक्त शशांक चौधरी द्वारा वृन्दावन जोनल कार्यालय में एक बैठक रखी गई। जिसमें उपस्थित संतों द्वारा कहां गया कि आश्रमों को व्यावसायिक श्रेणी में लेकर कर लगाया जा रहा है, जो कि गलत है।
सन्त महन्तों ने नगर आयुक्त से कहाकि गौशाला, मंदिर, संत निवासों को कर से मुक्त रखा जाये। साथ ही अपने अपने आश्रम सहित अन्य आश्रमों पर भी न्यूनतम कर अधिरोपित करने की मांग की गई है। जिस पर नगर आयुक्त द्वारा संतों को आश्वस्त किया गया कि एक माह के अन्दर करारोपण से सम्बंधित समस्त आपत्तियों का निस्तारण किया जायेगा। साथ ही ऐसे आश्रम जिनमें होटल, गेस्ट हाउस आदि में व्यावसायिक गतिविधियां पायी जाएंगी उनका अलग से चिन्हांकन कर अनावासीय कर अधिरोपित किया जाएगा। बैठक के दौरान महंत फूलडोल दास महाराज, महंत हरिशंकर दास नागा जी महाराज, महामंडलेश्वर स्वामी रूपेंद्र प्रकाश महाराज, स्वामी चित्प्रकाशा नन्द महाराज, स्वामी सुरेशानन्द परमहंस, महंत लाडली शरण दास जी महाराज, महामण्डलेश्वर नवल गिरी महाराज, महंत रामस्वरूप ब्रह्मचारी महाराज, महंत किशोरी शरण दास महाराज, महंत गंगादास महाराज, अपर नगर आयुक्त क्रांति शेखर सिंह, अपर नगर आयुक्त अनिल कुमार, संयुक्त नगर आयुक्त मयंक यादव, मुख्य कर निर्धारण अधिकारी शिवकुमार गौतम, राजस्व निरीक्षक मुकेश सिंह, कार्यालय प्रभारी श्रीगोपाल वशिष्ठ, लिपिक कर विभाग विपिन बल्लभ आदि उपस्थित रहे।