Wednesday, August 22, 2018
Breaking News
Home » मुख्य समाचार » परमात्मा शिव की सार्वभौमिक मान्यता है …

परमात्मा शिव की सार्वभौमिक मान्यता है …

हाथरसः नीरज चक्रपाणि। परमपिता परमात्मा शिव के अवतरण की यादगार महाशिवरात्रि पर्व प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय के अनेक केन्द्रों पर धूमधाम से मनाया गया। अलीगढ़ रोड स्थित आनन्दपुरी सेवाकेन्द्र इससे सम्बद्ध हाथरस जंक्शन, मडराक, इगलास केन्द्रों पर प्रातःकालीन राजयोग कक्षा के बाद शिवध्वजारोहण के साथ मनाया गया। सब सत्यों में सत्य महान शिव हैं गीता के भगवान, द्वार खडे़ हैं शिव भगवान, पाँच विकारों का कर दो दान आदि नारों से वातावरण गुंजायमान हो गया।  आनन्दपुरी कालोनी पर बी0के0 कैप्टन अहसान सिंह बी.के. उमा बहिन, बी0के0 नीतू बहिन, बी0के0 श्वेता बहिन, ने परमपिता परमात्मा शिव के प्रतीकात्मक शिवध्वजारोहण किया। पवित्र जीवन जीने की प्रतिज्ञा भी कराई गई, साथ ही साथ स्वयं के अन्दर दुःख देने वाले विकारों काम, क्रोध, लोभ, अहंकार, ईष्र्या, द्वेष, घृणा आदि में से किसी एक को छोड़ने का संकल्प भी कराया गया।  इस अवसर पर बी.के. नीतू बहिन ने महाशिवरात्रि का अर्थ समझाते हुए कहा कि कल्पान्त में जब सारी मनुष्यात्मायें विकारों के वशीभूत हो जाती हैं। परमात्मा का अवतरण दिन और रात वाली रात्रि में नहीं होता बल्कि अज्ञान अंधकार की काली रात्रि में होता है। इंसान जानते हुए भी कि यह काम, क्रोध आदि नर्क के द्वार हैं , उनके वशीभूत होकर कर्म करता है। यही अज्ञानता की रात्रि है।  बी0के0 श्वेता बहिन ने उपवास का अर्थ स्पष्ट करते हुए कहा कि उपवास का अर्थ परमात्मा के पास निवास करना है। । लोग व्रत का अर्थ केवल अन्न ग्रहण न करना समझते हैं लेकिन व्रत अर्थात अपनी वृत्ति को सतोप्रधान बनाना है।  बालिका नैन्सी ने ‘‘सत्य ही शिव है, शिव ही सुन्दर है’’गीत पर भावनृत्य प्रस्तुत कर सबका मन मोहा।  इधर हाथरस जंक्शन के अजीतनगर रोड, रामपुर पर बी0के0 मीना बहिन के सानिध्य में महाशिवरात्रि पर्व पर शिव ध्वजारोहण किया गया। इगलास में बी0के0 हेमलता बहिन के सानिघ्य में इन्द्रप्रस्थ सेवाकेन्द्र पर शिव ध्वजारोहण व प्रसाद वितरण किया गया।