रायबरेली। आधुनिक रेल डिब्बा कारखाना में दिनांक 22 मार्च से 28 मार्च तक 45वीं अखिल भारतीय रेलवे महिला हॉकी प्रतियोगिता 2025 का आयोजन पूरे उत्साह के साथ हो रहा है। जिसमें रेलवे जोन, प्रोडक्शन यूनिटों एवं रेलवे बोर्ड सहित कुल 9 टीमों के खिलाड़ी तथा ऑब्जर्बर, टेक्निकल ऑफिशियल, एथलेटिक फेडरेशन एवं रेलवे बोर्ड स्पोर्टस प्रमोशन बोर्ड के पदाधिकारी सहित कुल 210 लोग शामिल होंगे। इसमें बहुत से खिलाड़ी राष्ट्रीय एवं अन्तरराष्ट्रीय स्तर पर प्रदर्शन कर चुके हैं।
महाप्रबंधक प्रशान्त कुमार मिश्रा ने सभी खिलाड़ियो को शुभकामानाएं दी। प्रतियोगिता के प्रथम दिन पहली पाली में 2 मैच खेले गये। प्रथम मैच दक्षिण पूर्व रेलवे कोलकाता एवं उत्तर मध्य रेलवे प्रयागराज के मध्य हुआ जिसमें दोनो टीमें 2-2 गोल के साथ बराबरी पर रही, द्वितीय मैच पश्चिम रेलवे मुम्बई तथा पश्चिम मध्य रेलवे जबलपुर, के मध्य खेला गया। जिसमें पश्चिम रेलवे मुम्बई 5-0 से विजित रही।
आरेडिका खेल-कूद संघ के अध्यक्ष एवं प्रधान वित सलाहकार बीएल मीना ने बताया कि आगुन्तक खिलाड़ियों, कोचों, टेक्नीकल ऑफिशियल और रेलवे बोर्ड के अधिकारियों के लिए आरेडिका के खेलकूद संघ द्वारा रहने-खाने की उचित व्यवस्था की गयी है।
जल संरक्षण पर दिया जोर
ऊंचाहार, रायबरेली। विश्व जल दिवस के शुभ अवसर पर गोकना घाट पर जल संरक्षण की चर्चा करते हुए मां गंगा गोकर्ण जन कल्याण सेवा समिति के मुख्य संरक्षक रतिपाल शुक्ला की अध्यक्षता में विस्तृत चर्चा की गई। उपस्थित सभी लोगों ने जल बचाने, जल को संरक्षण करने का संकल्प लिया। समिति के सचिव जितेन्द्र कुमार द्विवेदी ने कहा बृहद अभियान चलाकर जिले में जल संरक्षण के प्रति लोगों को जागरूक किया जाएगा।
समरथ को नहीं दोष गोसाईं
गोस्वामी तुलसीदास ने रामायण के बालकाण्ड में यह चौपाई लिखी थी।
सुभ अरु असुर सलिल सब बहई।
सुरसरि कोउ अपुनीत न कहई।।
समरथ कहुँ नहीं दोष गोसाईं।
रवि पावक सुरसरि को नाईं।।
अर्थात, गंगा जी का जल निर्मल है, इसमें शुभ और अशुभ सभी जल बहता है, पर कोई उन्हें अपवित्र नहीं कह सकता। सूर्य, अग्नि और गंगा जी की भांति समर्थ को कोई दोष नहीं लगता।
गोस्वामी तुलसीदास ने भले ही यह चौपाई 500 वर्ष पूर्व लिखी हो, किन्तु आज भी शब्दशरू लागू होती है। आज भी समाज में ऐसे समर्थ और सक्षम हैं, जिनकी मनमानी पर भी समाज अपनी आंख मूंद लेना बेहतर समझता है। दबंग बदमाशों से लेकर नेता तक इसी श्रेणी में आते हैं। एक श्रेणी और भी है, कानून प्रदत्त शक्तियों का दुरूपयोग करने वाली श्रेणी। अदालतें स्वयं समय – समय पर इस बारे में चिंता जता चुकी हैं। तमाम उदाहरण आ चुके हैं कि किस तरह से चुनिंदा लोग कानून का दुरूपयोग करते हैं।
ऐसे ही कानून प्रदत्त शक्तियों का दुरूपयोग करने का उदाहरण है महिलाओं द्वारा कमाने में सक्षम एवं समर्थ होने के बावजूद अलग होने पर पति से गुजारा भत्ता मांगना। यदि कानून की नज़र में महिला पुरुष में कोई भेदभाव नहीं है तो गुजारा भत्ता देने की जिम्मेदारी पति की ही क्यों होनी चाहिए? क्या अदालत ने कभी ऐसा फैसला सुनाया है, जिसमें सक्षम पत्नी को आदेश दिया गया हो कि वह अपने पति को गुजारा भत्ता दे? इसके विपरीत, पति को गुजारा भत्ता देने के लिए मजदूरी करने की सलाह भी अदालतें दे चुकी हैं। यह कहाँ का न्याय हुआ?
ऐसे ही एक केस की सुनवाई करते हुए दिल्ली उच्च न्यायालय ने कहा कि कमाने की क्षमता रखने वाली योग्य महिलाओं को अपने पतियों से अंतरिम गुजारा भत्ता की मांग नहीं करनी चाहिए।
मामला यह था कि एक महिला ने अलग होने के बाद अपने पति से अंतरिम भरण पोषण की मांग की थी, जिसे निचली अदालत ने खारिज कर दिया था। उसने इसे उच्च न्यायालय में चुनौती दी।
छत्रपति शिवाजी महाराज राष्ट्रीय एकता पुरस्कार से नवाजे गये राजेश विक्रांत
मुंबई। देश के जाने माने लेखक व व्यंग्यकार राजेश विक्रांत को महाराष्ट्र राज्य हिंदी साहित्य अकादमी के प्रतिष्ठित राज्य स्तरीय जीवन गौरव सम्मान छत्रपति शिवाजी महाराज राष्ट्रीय एकता पुरस्कार से मंगलवार को बांद्रा पश्चिम के रंग शारदा आडिटोरियम में सम्मानित किया गया। सांस्कृतिक कार्य मंत्री आशीष शेलार ने उन्हें अकादमी के कार्याध्यक्ष डॉ एस पी दुबे, उपाध्यक्ष मंजू लोढ़ा, आर टी आई एक्टिविस्ट अनिल गलगली, साहित्यकार डॉ सुधाकर मिश्र, वरिष्ठ पत्रकार विमल मिश्र तथा पूर्व दर्जा प्राप्त राज्य मंत्री की उपस्थिति में इस पुरस्कार के तहत स्मृति चिन्ह, प्रशस्ति पत्र व एक लाख रुपए की नकद राशि देकर सम्मानित किया। कार्यक्रम में अतिथियों का स्वागत सचिन निंबालकर, सह निदेशक व सदस्य सचिव अकादमी ने किया। संचालन आनंद सिंह व प्रसाद काथे ने किया।
बता दें कि विविध विषयों पर देशभर की 50 से अधिक पत्र-पत्रिकाओं में अब तक विक्रांत के 15,000 से भी ज्यादा लेख प्रकाशित हो चुके हैं। व्यंग्य संग्रह:बतरस’ के लिए महाराष्ट्र राज्य हिंदी साहित्य अकादमी द्वारा आचार्य रामचंद्र शुक्ल व्यंग्य पुरस्कार से सम्मानित किया जा चुका है।
उद्यमियों ने जमकर खेली होली, भजनों और गीतों ने बांधा समां
कानपुर। शहर में होली का उत्साह अभी भी बरकरार है। होली के दिन से लेकर अब तक जगह-जगह होली मिलन समारोह और मेले आयोजित किए जा रहे हैं। शनिवार को दादा नगर औद्योगिक क्षेत्र में आयोजित होली मेले में उद्यमियों ने जमकर होली खेली। भजन संध्या में गायकों की शानदार प्रस्तुतियों ने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया।
दादा नगर कोऑपरेटिव स्टेट में आयोजित इस होली मेले में शहर के उद्यमियों के साथ-साथ बड़ी संख्या में व्यवसायी और आम लोग शामिल हुए। कोऑपरेटिव स्टेट के चेयरमैन विजय कपूर और भाजपा के वरिष्ठ नेता व पूर्व विधायक अजय कपूर ने सभी आगंतुकों का चंदन का टीका लगाकर स्वागत किया। विजय कपूर ने उद्यमियों और लोगों के साथ फूलों की होली खेली और हर्बल गुलाल लगाकर गले मिलते हुए होली की शुभकामनाएं दीं।
भजन और संगीत ने बांधा समां
गीत-संगीत और भजन संध्या में गायकों ने एक से बढ़कर एक भजनों और गीतों की प्रस्तुति दी, जिसने श्रोताओं को भावविभोर कर दिया। शहर के प्रतिष्ठित बैंड ‘द रॉक’ ने शानदार गीत-संगीत पेश किया, जिस पर युवाओं के साथ-साथ बुजुर्ग भी झूम उठे।
पीएम मित्र योजना के तहत मेगा टेक्सटाइल पार्क के लिए इन्वेस्टर्स मीट का आयोजन
लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में आज पीएम मित्र योजना के अंतर्गत लखनऊ-हरदोई सीमा पर 1,000 एकड़ क्षेत्र में एक मेगा टेक्सटाइल एवं अपैरल पार्क की स्थापना के लिए इन्वेस्टर्स मीट का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में राज्य सरकार ने निवेशकों को आकर्षित करने और वस्त्र उद्योग को बढ़ावा देने के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
उत्तर प्रदेश में निवेशकों के लिए सरकार की अनुकूल नीतियां, लैंड बैंक की उपलब्धता, बेहतर कनेक्टिविटी और मजबूत कानून-व्यवस्था की स्थिति इस आयोजन के प्रमुख आकर्षण रहे। इस अवसर पर वस्त्र उद्योग में निवेश और नवाचार को प्रोत्साहित करने वाले लाभार्थियों को प्रोत्साहन राशि के चेक वितरित किए गए। साथ ही, निवेशकों के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर भी किए गए।
कार्यक्रम में मौजूद गणमान्य व्यक्तियों ने इस पहल को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विजन को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।
रस्साकसी में टीम ए रही विजेता
फिरोजाबाद। सी.एल. जैन महाविद्यालय में खेल कार्यक्रम के अंर्तगत रस्साकसी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में विभिन्न कक्षाओं और संकायों के छात्रों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।
रस्साकसी प्रतियोगिता का उद्घाटन महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर डॉ वैभव जैन ने किया। उन्होंने विद्यार्थियों को खेल भावना के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि खेल शारीरिक और मानसिक विकास के साथ-साथ टीम भावना को भी प्रोत्साहित करते हैं।
वीरांगना रानी अवंती बाई लोधी का बलिदान दिवस मनाया गया
जगतपुर, रायबरेली। विधानसभा ऊंचाहार के जगतपुर ब्लॉक के सिंघापुर भटौली में वीरांगना रानी अवंती बाई लोधी का बलिदान दिवस मनाया गया। जिसमें मुख्य अतिथि कांग्रेस प्रदेश सचिव एवं पूर्व प्रत्याशी ऊंचाहार विधानसभा अतुल सिंह ने रानी अवंती बाई के चित्र पर पुष्प अर्पित कर कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कहा कि इनका जन्म 16 अगस्त 1831 को मध्य प्रदेश के शिवनी में हुआ था। भारत के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम 1857 में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाली प्रथम महिला वीरांगना थी। युद्ध कौशल एवं गोरिल्ला छापामार में निपुण रानी अवंती बाई लोधी को अंग्रेजों ने जब धोखे से चारों ओर से घेर लिया तो उन्होंने अपने तलवार से अपना सर धड़ से अलग कर दिया।
गन्ना विकास समिति एक शीर्ष संस्था: बुद्धीलाल पासी
रायबरेली। गन्ना सहकारी समिति लिमिटेड रायबरेली की वार्षिक साधारण सभा का आयोजन एवं नवनियुक्त भाजपा जिलाध्यक्ष का स्वागत समारोह कार्यक्रम समिति के अध्यक्ष रवि सिंह चौधरी के अध्यक्षता में संपन्न हुआ। बैठक में नवनियुक्त जिलाध्यक्ष बुद्धीलाल पासी का स्वागत एवं अभिनन्दन गन्ना विकास समिति के द्वारा किया गया। स्वागत से अभिभूत नवनियुक्त जिलाध्यक्ष श्री पासी ने कहा कि गन्ना विकास समिति एक शीर्ष संस्था है, गन्ना संघ अपनी सदस्य गन्ना समितियों के हितों की रक्षा करते हुए उनके उचित मांगों के प्रति सचेष्ट रहता है।
विश्व वानिकी दिवस पर जन जागरूकता विचार गोष्ठी संपन्न
फिरोजाबाद। विश्व वानिकी दिवस के अवसर पर वन विभाग द्वारा नगर वन दतोजी कलां में एक विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में उत्कृष्ट सेवाओं के लिए अधिकारी व कर्मचारियों को सम्मानित किया गया। वहीं बच्चों ने चित्रकला के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि महापौर कामिनी राठौर ने कहा कि वृक्ष धरा के आभूषण हैं और यह हमारे जीवन का आधार है। पेड़ो से हमें फल, फूल, सब्जी, औषधि और फर्नीचर तो प्राप्त होता ही है। साथ ही ये हमें प्राण वायु ऑक्सीजन भी प्रदान करते है। अतः हम सब का सामूहिक दायित्व हैं कि प्रत्येक व्यक्ति एक पौधा रोपित करके उसका संरक्षण करें। ब्लॉक प्रमुख लक्ष्मी नारायण यादव ने कहा आबादी के अनुसार यदि हमारे देश में वन्य क्षेत्र नहीं होगा, तो फिर मानव जीवन के लिए खतरा पैदा हो सकता है।