राजीव रंजन नाग, नई दिल्ली। दिल्ली फायर सर्विसेज के चीफ अतुल गर्ग ने शनिवार को उन रिपोर्टों का खंडन किया, जिनमें उनके हवाले से कहा गया था कि दिल्ली हाई कोर्ट के जज यशवंत वर्मा के आवास पर आग बुझाने के दौरान कोई नकदी नहीं मिली। गर्ग का यह स्पष्टीकरण कुछ मीडिया रिपोर्ट्स के बाद आया, जिसमें दावा किया गया था कि उन्होंने कहा था कि दमकलकर्मियों को जज के घर से नकदी नहीं मिली।
गर्ग ने एक सवाल के जवाब में कहा, ‘‘मैंने कभी किसी मीडिया आउटलेट को यह नहीं कहा कि दमकलकर्मियों ने घटनास्थल पर नकदी नहीं मिलने की बात कही।’’ जब उनसे पूछा गया कि उनके नाम से ये रिपोर्ट्स क्यों चलाई जा रही हैं, तो उन्होंने जवाब दिया, ‘मुझे नहीं पता क्यों।’ गर्ग ने बताया कि उन्होंने संबंधित मीडिया आउटलेट्स को स्पष्टीकरण भेज दिया है। अग्निशमन विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक, 14 मार्च को जज के लुटियंस दिल्ली स्थित आवास पर लगी आग स्टोररूम में रखे स्टेशनरी और घरेलू सामानों तक सीमित थी, जिसमें कोई हताहत नहीं हुआ।
यह विवाद तब शुरू हुआ जब गुरुवार रात जज यशवंत वर्मा के आवास पर आग लगने की घटना के बाद कथित तौर पर भारी मात्रा में नकदी मिलने की खबरें सामने आईं। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने इस मामले की जांच शुरू की और जज को इलाहाबाद हाई कोर्ट में स्थानांतरित करने की सिफारिश की। हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया कि जज वर्मा का स्थानांतरण इस घटना से संबंधित नहीं है। कोर्ट ने एक प्रेस नोट में कहा, ‘‘न्यायमूर्ति यशवंत वर्मा के आवास पर हुई घटना को लेकर गलत सूचना और अफवाहें फैलाई जा रही हैं। उनका स्थानांतरण जांच से स्वतंत्र है।’’
सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय समिति गठित की है, जिसमें पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश शील नागू, हिमाचल प्रदेश हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश जीएस संधावालिया और कर्नाटक हाई कोर्ट की न्यायमूर्ति अनु शिवरामन शामिल हैं।
योग दिवस और अंतर्राष्ट्रीय जल दिवस मनाया
हाथरस। सेठ फूलचंद बागला स्नातकोत्तर महाविद्यालय, हाथरस की राष्ट्रीय सेवा योजना की तीनों इकाइयों के स्वयंसेवकों ने अपने सात दिवसीय विशेष शिविर के चतुर्थ दिवस का आयोजन ग्राम दयानतपुर के योग वेदांत आश्रम में किया। इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. डॉ. महावीर सिंह छोंकर के मार्गदर्शन में कार्यक्रम संपन्न हुआ। तीनों इकाइयों के अधिकारी डॉ. विनय कुमार वर्मा, डॉ. योगेश कुमार और सुश्री अंकिता भी मौजूद रहे।
चतुर्थ दिवस को योग दिवस और अंतर्राष्ट्रीय जल दिवस के रूप में मनाया गया। योग वेदांत आश्रम के महाराज जी और उनके साथियों ने इस विशेष आयोजन को संचालित किया। महाराज जी ने योग के महत्व पर प्रकाश डालते हुए स्वयंसेवकों को इसके लाभ बताए। उनके एक साथी ने योग, प्राणायाम और विभिन्न आसनों का अभ्यास कराया, जो मानसिक और शारीरिक विकास में सहायक हैं। इसके अलावा, माता-पिता के सम्मान और भारतीय संस्कृति को अपनाने की प्रेरणा दी गई। स्वयंसेवकों और स्वयंसेविकाओं ने गुरुजनों का स्वागत कर उनका सम्मान व्यक्त किया।
कार्यक्रम में वाणिज्य विभाग के प्रो. के.एन. त्रिपाठी ने योग और जल संरक्षण के महत्व पर अपने विचार रखे।
विकास कार्य में भ्रष्टाचार को लेकर भाजपा पार्षद और पूर्व पार्षद प्रत्याशी आमने – सामने
कानपुर: अवनीश सिंह। शहर का वार्ड 51 पिछले कई दिनों से चर्चा में है, यहां पर बीजेपी के दो गुटों में चल रही खींचातानी को लेकर वर्तमान भाजपा पार्षद और पूर्व भाजपा पार्षद प्रत्याशी आमने सामने ताल ठोंकते नजर आ रहे हैं।
पूरा वाकया वार्ड 51 के बर्रा 2 नई बस्ती का है जहां विकास कार्य को लेकर पिछले कई दिनों से भाजपा पार्षद सुधीर यादव और पूर्व भाजपा पार्षद प्रत्याशी अजय शर्मा के बीच राजनैतिक जंग जारी है, पूर्व भाजपा पार्षद प्रत्याशी अजय शर्मा ने जानकारी दी कि वार्ड 51 के बर्रा 2 नई बस्ती में वर्तमान भाजपा पार्षद सुधीर यादव बनी हुई सड़क को तोड़कर विकास कार्य करा रहे थे जिसका विरोध उनके और स्थानीय नागरिकों द्वारा किया गया और नगर निगम के अधिकारियों से भी इसकी शिकायत की गई, जिस पर नगर निगम द्वारा तत्काल कार्यवाही करते हुए काम बंद कराया गया, और काम कर रही संस्था शिवा कंस्ट्रक्शन पर जुर्माना भी लगाया गया।
वहीं वार्ड 51 के पार्षद सुधीर यादव से जब इस बाबत पूछा गया तो उन्होंने जानकारी दी कि स्थानीय लोग जलभराव की समस्या को लेकर उनके पास शिकायत को लेकर आए थे जिसको लेकर उनके द्वारा सड़क किनारे इंटरलॉकिंग का कार्य कराया जा रहा था जिसकी जानकारी नगर आयुक्त को दी गई थी, क्षेत्र में चल रहे विकास कार्य का विरोध लगातार अजय शर्मा गुट द्वारा किया जा रहा है।लगातार काम रुकवाने की कोशिश की जा रही है,वर्तमान में नगर निगम के हस्तक्षेप के चलते काम बंद है।
नोडल अधिकारी ने सेवा, सुरक्षा व सुशासन के 8 वर्ष पूरे होने पर की समीक्षा बैठक
रायबरेली। जनपद के नोडल अधिकारी व प्रमुख सचिव (परिवहन, समाज कल्याण एवं सैनिक कल्याण) एल. वेंकटेश्वर लू की अध्यक्षता में शनिवार को कलेक्ट्रेट के बचत भवन सभागार में एक समीक्षा बैठक आयोजित हुई। यह बैठक उत्तर प्रदेश सरकार की सेवा, सुरक्षा व सुशासन नीति के आठ वर्ष पूरे होने के अवसर पर जिले में प्रस्तावित कार्यक्रमों के सफल आयोजन को लेकर हुई।
बैठक में नोडल अधिकारी को प्रस्तावित कार्यक्रमों की जानकारी प्रेजेंटेशन के माध्यम से दी गई। कार्यक्रम 25, 26 और 27 मार्च को सभी ब्लॉक, तहसील और जनपद मुख्यालय के सामुदायिक केंद्र रतापुर में आयोजित होंगे। त्रिदिवसीय मेले का उद्घाटन प्रभारी मंत्री और जनप्रतिनिधियों द्वारा किया जाएगा। इस दौरान विभिन्न विभागों द्वारा जनकल्याणकारी योजनाओं के स्टॉल लगाए जाएंगे, जहां केंद्र व प्रदेश सरकार की योजनाओं के लाभार्थियों को प्रमाण पत्र और चेक वितरित किए जाएंगे।
डीएम-एसपी ने थाना दिवस पर सुनीं जनता की शिकायतें
रायबरेली। जिलाधिकारी हर्षिता माथुर और पुलिस अधीक्षक डॉ. यशवीर सिंह ने शनिवार को थाना लालगंज में आयोजित थाना दिवस के दौरान लोगों की समस्याएं सुनीं। इस अवसर पर राजस्व विवाद, आपसी रंजिश, महिला उत्पीड़न सहित विभिन्न शिकायतें उनके समक्ष प्रस्तुत की गईं। जिलाधिकारी ने थानाध्यक्ष और राजस्व अधिकारियों को इन शिकायतों के गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध निस्तारण के सख्त निर्देश दिए।
डीएम ने कहा कि यदि किसी मामले में जांच की आवश्यकता हो तो उसे अवश्य पूरा किया जाए, लेकिन समस्याओं के समाधान में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि जांच निष्पक्ष, निर्भीक, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण होनी चाहिए। दोषियों के खिलाफ सुसंगत धाराओं में कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने राजस्व से जुड़े प्रकरणों के निस्तारण के लिए पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम गठित करने का आदेश दिया।
दिव्यांगजनों को मिले कृत्रिम अंग और सहायक उपकरण
रायबरेली। दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग, उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से संचालित कृत्रिम अंग सहायक उपकरण योजना के तहत रायबरेली के विकास खंड ऊँचाहार परिसर में एक वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि ऊँचाहार विधायक डॉ. मनोज कुमार पांडेय ने चिन्हित पात्र दिव्यांगजनों को कुल 112 सहायक उपकरण वितरित किए। इनमें ट्राइसाइकिल, व्हीलचेयर, बैसाखी और स्मार्टकेन शामिल रहे।
कार्यक्रम का संचालन नोडल परियोजना निदेशक, जिला ग्राम्य विकास अभिकरण, सतीश चंद्र मिश्रा ने किया। इस दौरान जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण अधिकारी मोहन त्रिपाठी, उपायुक्त (स्वतः रोजगार), खंड विकास अधिकारी ऊँचाहार कामरान नेमानी, खंड विकास अधिकारी दीनशाहगौरा, रोहनियां सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने सरकार की दिव्यांग कल्याण योजनाओं पर प्रकाश डाला और लाभार्थियों को इनके बारे में जानकारी दी।
उप्र उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल ने किया धरने को समर्थन
चकिया, चन्दौली। नगर पंचायत चकिया में जल और गृह के बढ़ने वाले टैक्स के विरोध में गुरुवार से गांधीपार्क में जन संघर्ष समिति का अनिश्चितकालीन धरना जारी है। शनिवार को धरना स्थल पर पहुंच कर उ०प्र०उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के जिला अध्यक्ष लक्ष्मीकांत अग्रहरि ने अपना समर्थन दिया।
उन्होंने अपने उद्बोधन में कहा कि नगर पंचायत चाहता तो बढ़े हुए टैक्स को रोक देता लेकिन ऐसा नहीं हो रहा है। उन्होंने ऐलान किया कि टैक्स बढ़ोतरी नहीं रूकी तो व्यापारी भी सड़कों पर उतरेगा।बताया जा रहा है कि धरना बारह दिनों का है और आगे कोर कमेटी के निर्णय पर इसको अलग आयाम दिया जा सकता है। शनिवार का धरना श्यामा देवी और शिव प्रसाद सिंह के नेतृत्व में दिन के 10 बजे से सांय 4 बजे तक चला। इस बावत समिति का कहना है कि जब तक टैक्स के मामलों में नगर के लोगों को राहत नहीं मिल जाती तब तक इसका विरोध किया जाएगा।
बता दें कि लगभग एक महीने पहले जन संघर्ष समिति के लोगों ने गांधी पार्क में एक सभा कर बढ़ाए जाने वाले टैक्स का विरोध किया था और जुलूस के रूप में एकत्रित होकर नगर पंचायत कार्यालय पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया था।
अखिल भारतीय रेलवे महिला हॉकी प्रतियोगिता की शुरूआत
रायबरेली। आधुनिक रेल डिब्बा कारखाना में दिनांक 22 मार्च से 28 मार्च तक 45वीं अखिल भारतीय रेलवे महिला हॉकी प्रतियोगिता 2025 का आयोजन पूरे उत्साह के साथ हो रहा है। जिसमें रेलवे जोन, प्रोडक्शन यूनिटों एवं रेलवे बोर्ड सहित कुल 9 टीमों के खिलाड़ी तथा ऑब्जर्बर, टेक्निकल ऑफिशियल, एथलेटिक फेडरेशन एवं रेलवे बोर्ड स्पोर्टस प्रमोशन बोर्ड के पदाधिकारी सहित कुल 210 लोग शामिल होंगे। इसमें बहुत से खिलाड़ी राष्ट्रीय एवं अन्तरराष्ट्रीय स्तर पर प्रदर्शन कर चुके हैं।
महाप्रबंधक प्रशान्त कुमार मिश्रा ने सभी खिलाड़ियो को शुभकामानाएं दी। प्रतियोगिता के प्रथम दिन पहली पाली में 2 मैच खेले गये। प्रथम मैच दक्षिण पूर्व रेलवे कोलकाता एवं उत्तर मध्य रेलवे प्रयागराज के मध्य हुआ जिसमें दोनो टीमें 2-2 गोल के साथ बराबरी पर रही, द्वितीय मैच पश्चिम रेलवे मुम्बई तथा पश्चिम मध्य रेलवे जबलपुर, के मध्य खेला गया। जिसमें पश्चिम रेलवे मुम्बई 5-0 से विजित रही।
आरेडिका खेल-कूद संघ के अध्यक्ष एवं प्रधान वित सलाहकार बीएल मीना ने बताया कि आगुन्तक खिलाड़ियों, कोचों, टेक्नीकल ऑफिशियल और रेलवे बोर्ड के अधिकारियों के लिए आरेडिका के खेलकूद संघ द्वारा रहने-खाने की उचित व्यवस्था की गयी है।
जल संरक्षण पर दिया जोर
ऊंचाहार, रायबरेली। विश्व जल दिवस के शुभ अवसर पर गोकना घाट पर जल संरक्षण की चर्चा करते हुए मां गंगा गोकर्ण जन कल्याण सेवा समिति के मुख्य संरक्षक रतिपाल शुक्ला की अध्यक्षता में विस्तृत चर्चा की गई। उपस्थित सभी लोगों ने जल बचाने, जल को संरक्षण करने का संकल्प लिया। समिति के सचिव जितेन्द्र कुमार द्विवेदी ने कहा बृहद अभियान चलाकर जिले में जल संरक्षण के प्रति लोगों को जागरूक किया जाएगा।
समरथ को नहीं दोष गोसाईं
गोस्वामी तुलसीदास ने रामायण के बालकाण्ड में यह चौपाई लिखी थी।
सुभ अरु असुर सलिल सब बहई।
सुरसरि कोउ अपुनीत न कहई।।
समरथ कहुँ नहीं दोष गोसाईं।
रवि पावक सुरसरि को नाईं।।
अर्थात, गंगा जी का जल निर्मल है, इसमें शुभ और अशुभ सभी जल बहता है, पर कोई उन्हें अपवित्र नहीं कह सकता। सूर्य, अग्नि और गंगा जी की भांति समर्थ को कोई दोष नहीं लगता।
गोस्वामी तुलसीदास ने भले ही यह चौपाई 500 वर्ष पूर्व लिखी हो, किन्तु आज भी शब्दशरू लागू होती है। आज भी समाज में ऐसे समर्थ और सक्षम हैं, जिनकी मनमानी पर भी समाज अपनी आंख मूंद लेना बेहतर समझता है। दबंग बदमाशों से लेकर नेता तक इसी श्रेणी में आते हैं। एक श्रेणी और भी है, कानून प्रदत्त शक्तियों का दुरूपयोग करने वाली श्रेणी। अदालतें स्वयं समय – समय पर इस बारे में चिंता जता चुकी हैं। तमाम उदाहरण आ चुके हैं कि किस तरह से चुनिंदा लोग कानून का दुरूपयोग करते हैं।
ऐसे ही कानून प्रदत्त शक्तियों का दुरूपयोग करने का उदाहरण है महिलाओं द्वारा कमाने में सक्षम एवं समर्थ होने के बावजूद अलग होने पर पति से गुजारा भत्ता मांगना। यदि कानून की नज़र में महिला पुरुष में कोई भेदभाव नहीं है तो गुजारा भत्ता देने की जिम्मेदारी पति की ही क्यों होनी चाहिए? क्या अदालत ने कभी ऐसा फैसला सुनाया है, जिसमें सक्षम पत्नी को आदेश दिया गया हो कि वह अपने पति को गुजारा भत्ता दे? इसके विपरीत, पति को गुजारा भत्ता देने के लिए मजदूरी करने की सलाह भी अदालतें दे चुकी हैं। यह कहाँ का न्याय हुआ?
ऐसे ही एक केस की सुनवाई करते हुए दिल्ली उच्च न्यायालय ने कहा कि कमाने की क्षमता रखने वाली योग्य महिलाओं को अपने पतियों से अंतरिम गुजारा भत्ता की मांग नहीं करनी चाहिए।
मामला यह था कि एक महिला ने अलग होने के बाद अपने पति से अंतरिम भरण पोषण की मांग की थी, जिसे निचली अदालत ने खारिज कर दिया था। उसने इसे उच्च न्यायालय में चुनौती दी।